शिकारी देवी मंदिर: बादलों के उपर बसा आस्था का एक अद्भुत धाम
बिना छत्त का मंदिर फिर भी अटूट आस्था : मंडी जिला में स्थित, जंजैहली से 16 किलोमीटर दूर शिकारी देवी मंदिर ऐसा अनोखा मंदिर है जहाँ ऋषि मार्कंड्ये ने वर्षों तक तपस्या की और दुर्गा माँ ने प्रसन्न होकर शक्ति रूप में यहाँ स्थापित हुई। इस मंदिर में 64 योगिनिया विराजमान है, इसलिए माता को…
चैत्र नवरात्रि का तीसरा दिन: जानें पूजा विधि, शुभ रंग, भोग एवं कथा
चैत्र नवरात्रि का तीसरा दिन माँ दुर्गा के तीसरे स्वरूप माँ चंद्रघंटा को समर्पित है। इस दिन माता कि उपासना से जीवन में साहस, आत्मविश्वास और सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। इस दिन माँ दुर्गा के सौम्य और शांत स्वरूप की पूजा की जाती है, जो की भक्तों को सुख-समृद्धि प्रदान करती हैं। माता चंद्रघंटा का…
चैत्र नवरात्रि: मन, वाणी और कर्म की शुद्धि का पवन पर्व
हिंदू पंचांग के अनुसार 19 मार्च 2026 को चैत्र नवरात्रि और चैत्र अमावस्या दोनों ही हैं। आज ही के दिन हिंदू नववर्ष भी मनाया जाएगा जो कि विभिन्न क्षेत्रों में अलग-अलग नाम से जाना जाता है जैसे कि गुड़ी पड़वा महाराष्ट्र में, उगादी दक्षिण भारत में और सिंधी समाज में इसे चेटी चंद कहा जाता…
ऋषिकेश का प्राचीन और रहस्यमई भूतनाथ मंदिर। अलौकिक शक्तियां करती है इस मंदिर की रक्षा। आइए जानते हैं इस रहस्यमई मंदिर के बारे में।
भारत के उत्तराखंड राज्य में तीर्थ नगरी ऋषिकेश में स्थित है एक प्राचीन मंदिर जिसे हम भूतनाथ मंदिर के नाम से जानते हैं। वैसे तो ऋषिकेश में अनेक मंदिर स्थित है परंतु ऋषिकेश का भूतनाथ मंदिर अपनी रहस्यमयी और प्राचीनता के कारण जाना जाता है। भूतनाथ मंदिर को भूतेश्वर मंदिर के नाम से भी जाना…
पावन धाम यमुनोत्री। उत्तराखंड के चार धाम तीर्थ स्थलों में से एक है यमुनोत्री। आइए जानते हैं इस पवित्र स्थल के बारे में गहराई से।
उत्तराखंड राज्य को देवभूमि कहा जाता है और यहां पर बहुत सारे प्राचीन मंदिर स्थित हैं। उत्तराखंड में आपको जगह-जगह पर अनोखे मंदिर देखने को मिलते हैं इसलिए इस राज्य में पर्यटकों की बहुत भीड़ भी पाई जाती है। आज हम बात करने जा रहे हैं उत्तराखंड के चार धाम तीर्थ स्थलों में से एक…
गौमुख कुंड महादेव मंदिर में प्राकृतिक रूप से 24 घंटे होता है भगवान शिव का जल अभिषेक।
गौमुख कुंड महादेव मंदिर राजस्थान राज्य के चित्तौड़गढ़ किले के पश्चिमी भाग में स्थित एक पवित्र जलाशय है और चित्तौड़गढ़ किले का एक बहुत महत्वपूर्ण हिस्सा है। गौमुख का वास्तविक अर्थ गाय का मुख होता है। गौमुख कुंड को चित्तौड़गढ़ के तीर्थ राज के नाम से भी जाना जाता है। चित्तौड़गढ़ किला भारत के किलों…
हिमाचल प्रदेश राज्य का प्रसिद्ध ब्रजेश्वरी मंदिर हुआ करता था कभी तंत्र विद्या का सबसे बड़ा केंद्र। आइए जानते हैं इस मंदिर की पूरी कहानी
बृजेश्वरी माता का मंदिर हिमाचल प्रदेश राज्य के कांगड़ा जिले के नगरकोट में स्थित है। यह कांगड़ा जिले के नजदीकी रेलवे स्टेशन से लगभग 11 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। ब्रजेश्वरी मंदिर को अनेक नामों से जाना जाता है जैसे ब्रजेश्वरी देवी मंदिर, कांगड़ा देवी मंदिर, नगरकोट देवी मंदिर या नगरकोट वाली माता के…
मणिमहेश को माना जाता है भगवान शिव के पंच कैलाशों में से एक। आईए जानते हैं मणिमहेश कैलाश के बारे में विस्तार से।
मणिमहेश कैलाश को चंबा कैलाश या मणिमहेश पर्वत के नाम से भी जाना जाता है। मणिमहेश कैलाश हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले के भरमौर में स्थित एक पवित्र तीर्थ स्थल है। मणिमहेश झील के पास स्थित मणिमहेश मंदिर भगवान शिव को समर्पित एक पवित्र स्थल है। मणिमहेश कैलाश पंच कैलाश में से एक माना जाता…
मान्यताओं के अनुसार मृत्यु होने के बाद हिमाचल प्रदेश के इस प्राचीन मंदिर में होता है आत्माओं का न्याय। आईए जानते हैं इस मंदिर की रहस्यमय कहानी।
हम बात कर रहे हैं हिमाचल प्रदेश राज्य के चंबा जिले के भरमौर में स्थित एक प्राचीन मंदिर की जिसे हम यमराज मंदिर के नाम से जानते हैं। यह मंदिर रहस्य से भरा हुआ एक अनोखा मंदिर है। यह भारत का एक ऐसा मंदिर है जिसमें लोग कदम रखने से भी डरते हैं। इसे यमराज…
हिमाचल के एक मंदिर में बारिश के देवता माने जाते हैं भगवान शिव शंकर। आईए जानते हैं भगवान शिव के इस 400 साल पुराने प्राचीन मंदिर की पूरी कहानी
हिमाचल प्रदेश राज्य के हमीरपुर जिले में स्थित है भगवान शिव का एक प्राचीन मंदिर जिसे हम गसोता महादेव मंदिर के नाम से जानते हैं। गसोता महादेव मंदिर 400 साल से भी ज्यादा पुराना मंदिर माना जाता है। गसोता महादेव मंदिर भगवान शिव को समर्पित एक प्राचीन मंदिर है। गसोता महादेव मंदिर में स्वयंभू शिवलिंग…
